राहुल गांधी ने दिल्ली में एक जनसभा के दौरान अरविंद केजरीवाल पर हमला बोलते हुए कहा कि वह “छोटी कार में आए, लेकिन शीश महल में रहते हैं।” गांधी ने केजरीवाल के पुराने नीले रंग की वैगन आर कार का जिक्र किया, जो उनका प्राथमिक वाहन था जब वह पहली बार दिल्ली के मुख्यमंत्री बने थे। गांधी का यह बयान भाजपा के आरोप से जुड़ा था कि केजरीवाल ने अपने सरकारी आवास के नवीनीकरण पर बेतहाशा खर्च किया और उसे ‘शीश महल’ जैसा बना दिया। यह आरोप केजरीवाल की राजनीति और उनके खर्चीले फैसलों पर सवाल उठाने की कोशिश थी।

दिल्ली में हिंसा के दौरान केजरीवाल की अनुपस्थिति पर सवाल
राहुल गांधी ने दावा किया कि जब दिल्ली में हिंसा हो रही थी, तो अरविंद केजरीवाल कहीं नजर नहीं आए। उन्होंने कहा, “अरविंद केजरीवाल उस समय कभी नजर नहीं आए जब गरीबों को उनकी जरूरत थी और जब दिल्ली में हिंसा हो रही थी।” गांधी ने केजरीवाल को उनकी नकारात्मक भूमिका पर घेरा और कहा कि उन्होंने अपना वादा निभाने में नाकामी दिखाई। यह आरोप केजरीवाल के नेतृत्व पर सवाल उठाने के लिए था, जिसमें उनका ध्यान आपातकालीन स्थिति में नज़र न आना और अपनी जिम्मेदारी से बचना शामिल था।
शराब घोटाले में सिसोदिया और केजरीवाल को घेरा
राहुल गांधी ने दिल्ली आबकारी नीति मामले में मनीष सिसोदिया और अरविंद केजरीवाल को भी निशाने पर लिया। उन्होंने दावा किया कि मनीष सिसोदिया और केजरीवाल शराब घोटाले के प्रमुख आरोपी थे, जिस वजह से सिसोदिया को जेल में रहना पड़ा। गांधी ने कहा, “अरविंद केजरीवाल ने अलग तरीके से राजनीति करने का वादा किया था, लेकिन दिल्ली को सबसे बड़ा शराब घोटाला दे दिया।” यह बयान उस घोटाले से संबंधित था, जिसमें सिसोदिया और केजरीवाल दोनों को कई महीनों तक जेल में रहना पड़ा, और बाद में उन्हें जमानत मिल गई थी।
राहुल गांधी का हमला
राहुल गांधी ने पटपड़गंज और ओखला की चुनावी सभाओं में भाजपा और आरएसएस पर जमकर हमला बोला। उन्होंने कहा कि देश में विचारधारा की लड़ाई चल रही है, जहां एक तरफ भाजपा और आरएसएस के लोग नफरत और हिंसा फैलाने का काम कर रहे हैं, वहीं दूसरी तरफ कांग्रेस पार्टी मोहब्बत और शांति का संदेश देती है। राहुल गांधी ने अपनी पार्टी की विचारधारा को स्पष्ट करते हुए कहा, “हम नफरत के बाजार में मोहब्बत की दुकान खोलते हैं,” और यह भी कहा कि हमें नफरत, डर और हिंसा वाला हिंदुस्तान नहीं चाहिए, बल्कि एक ऐसा हिंदुस्तान चाहिए जहां मोहब्बत की दुकानें खुली हों।

संविधान की रक्षा और आरएसएस पर तीखा हमला
राहुल गांधी ने यह भी स्पष्ट किया कि कांग्रेस की लड़ाई संविधान की रक्षा के लिए है। उन्होंने भाजपा नेताओं के उस बयान का विरोध किया, जिसमें उन्होंने संविधान बदलने की बात की थी। राहुल ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी ने नई संसद के उद्घाटन पर राष्ट्रपति को वहां जाने से रोकने का प्रयास किया, जो संविधान के खिलाफ है। इसके अलावा, उन्होंने आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत पर भी हमला किया, जो हाल ही में बयान दे चुके थे कि देश को आज़ादी मोदी के आने के बाद मिली। राहुल गांधी ने कहा कि इस बयान से आंबेडकर और संविधान का अपमान हो रहा है, और यह देश के हर नागरिक के समान अधिकारों को नकारता है।
राहुल गांधी का भाषण बीच में रोका
राहुल गांधी जब ओखला की रैली में भाषण दे रहे थे, तो मस्जिद से अजान की आवाज सुनाई दी। इस दौरान उन्होंने सम्मानपूर्वक अपना भाषण रोक दिया और अजान के खत्म होने का इंतजार किया। नमाज के बाद फिर से उन्होंने अपनी बात को जारी रखा, जो उनके धर्म और संस्कृति के प्रति सम्मान को दर्शाता है।
राहुल गांधी का केजरीवाल पर हमला
राहुल गांधी ने ओखला की रैली में अरविंद केजरीवाल पर हमला करते हुए कहा कि भाजपा जितनी नफरत फैलाएगी, उतनी ही ज्यादा कांग्रेस मोहब्बत की दुकान हर गली चौराहे में खोलेगी। उन्होंने कहा कि अन्य नेता शायद प्रधानमंत्री मोदी से डरते होंगे, लेकिन केजरीवाल तो साफ तौर पर उनसे कांप जाते हैं।



