चुनाव आयोग के आंकड़ों के अनुसार, भारतीय जनता पार्टी (BJP) के पास ₹7,113.80 करोड़ का कैश और बैंक बैलेंस है, जो इसे भारत की सबसे अमीर राजनीतिक पार्टी बनाता है। मुख्य विपक्षी पार्टी कांग्रेस के पास मात्र ₹857.15 करोड़ की संपत्ति है, जो BJP की तुलना में साढ़े 8 गुना कम है। यह अंतर राजनीति में BJP की आर्थिक ताकत को दर्शाता है, जो चुनाव प्रचार और अन्य गतिविधियों में बड़ी भूमिका निभाता है।

लोकसभा चुनाव में BJP का खर्चा बढ़ा 60%
2023-24 के लोकसभा चुनावों के दौरान BJP ने ₹1,700 करोड़ खर्च किए, जो 2022-23 के ₹1,000 करोड़ के मुकाबले 60% अधिक है। यह बढ़ता हुआ खर्च चुनावी रणनीतियों और पार्टी की बढ़ती सक्रियता को रेखांकित करता है। इतनी बड़ी धनराशि BJP को चुनाव प्रचार और संसाधनों में अन्य पार्टियों से अधिक प्रभावी बनाती है। वहीं, कांग्रेस जैसे दलों के पास सीमित संसाधन उनकी रणनीति को प्रभावित कर सकते हैं।
BJP और कांग्रेस के खर्च में बड़ा अंतर
2023-24 के लोकसभा चुनाव में भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने करीब ₹1,700 करोड़ खर्च किए, जो 2022-23 के ₹1,000 करोड़ के मुकाबले 60% अधिक है। इसकी तुलना में कांग्रेस ने 2023-24 में करीब ₹600 करोड़ खर्च किए, जो पिछले साल के ₹200 करोड़ खर्च से तीन गुना ज्यादा है। यह दिखाता है कि दोनों पार्टियों का चुनावी खर्च बढ़ा है, लेकिन BJP ने कांग्रेस से लगभग तीन गुना अधिक धन खर्च किया।
BJP को दोगुना चंदा, कांग्रेस पीछे
BJP को 2023-24 में 2022-23 के मुकाबले दोगुना चंदा प्राप्त हुआ। चुनाव आयोग की रिपोर्ट के अनुसार, BJP को चुनावी बॉण्ड के जरिए ₹1,685.69 करोड़ का चंदा मिला, जो पिछले साल ₹1,294.15 करोड़ था। इसके अलावा, पार्टी को अन्य स्रोतों से ₹2,042.75 करोड़ की अतिरिक्त प्राप्तियां हुईं। वहीं, कांग्रेस को कुल ₹1,225.11 करोड़ का चंदा मिला, जिसमें से ₹828.36 करोड़ चुनावी बॉण्ड से आए।

चुनावी बॉण्ड पर सुप्रीम कोर्ट की रोक
चुनावी बॉण्ड, जो राजनीतिक दलों के लिए एक प्रमुख चंदा माध्यम बन गए थे, अब सुप्रीम कोर्ट द्वारा प्रतिबंधित कर दिए गए हैं। यह निर्णय पारदर्शिता और वित्तीय जवाबदेही सुनिश्चित करने की दिशा में एक अहम कदम है। हालांकि, BJP और कांग्रेस दोनों ने इन बॉण्ड्स से बड़े पैमाने पर चंदा प्राप्त किया था। अब इन बॉण्ड्स के बैन होने से राजनीतिक दलों को नए चंदा स्रोत तलाशने होंगे।
भाजपा का विज्ञापन और प्रचार पर भारी खर्च
भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने 2023-24 में विज्ञापनों पर ₹591 करोड़ खर्च किए, जिसमें ₹434.84 करोड़ इलेक्ट्रॉनिक और ₹115.62 करोड़ प्रिंट मीडिया पर लगाए गए। इसके अलावा, चुनाव प्रचार के दौरान हेलिकॉप्टर और प्लेन के उपयोग पर ₹174 करोड़ खर्च हुए। पार्टी ने अपने उम्मीदवारों को वित्तीय सहायता के रूप में ₹191.06 करोड़ दिए और बैठकों, रैलियों, और कॉल सेंटर पर ₹159.46 करोड़ खर्च किए।
कांग्रेस का प्रचार और भारत जोड़ो यात्रा
कांग्रेस ने प्रचार अभियानों में ₹207.94 करोड़ इलेक्ट्रॉनिक और ₹43.73 करोड़ प्रिंट मीडिया विज्ञापनों पर खर्च किए। सोशल मीडिया पर ₹79.78 करोड़ खर्च किए गए। राहुल गांधी की भारत जोड़ो यात्रा 2.0 पर पार्टी ने ₹49.63 करोड़ खर्च किए, जबकि पहली यात्रा पर ₹71.84 करोड़ लगे थे। पार्टी ने प्लेन, हेलिकॉप्टर, और उम्मीदवारों की मदद पर भी बड़ा निवेश किया, जिससे कुल खर्च ₹238.55 करोड़ तक पहुंच गया।



