दिल्ली विधानसभा चुनाव में यमुना प्रदूषण का मुद्दा राजनीतिक चर्चा का केंद्र बना हुआ है। बीजेपी नेता प्रवेश वर्मा ने यमुना के बढ़ते प्रदूषण के विरोध में एक अनोखा प्रदर्शन किया। वर्मा ने दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल का एक कटआउट यमुना नदी में डुबोते हुए ,अपनी नाराजगी व्यक्त की। उन्होंने कहा कि केजरीवाल ने वादा किया था कि ,2025 तक यमुना को पूरी तरह साफ कर देंगे, लेकिन वो इस वादे को पूरा करने में असफल रहे।
राजनीतिक तंज और विरोध प्रदर्शन
प्रवेश वर्मा ने अपने प्रदर्शन के दौरान केजरीवाल के कटआउट पर लिखे संदेश को भी जोर-शोर से दिखाया। कटआउट में केजरीवाल को कान पकड़ते हुए दिखाया गया था, जिस पर लिखा था, “मैं फेल हो गया, मुझे वोट मत देना।” वर्मा ने कहा कि केजरीवाल ने कई बार वादे किए, लेकिन यमुना की हालत दिन-ब-दिन खराब होती जा रही है। उन्होंने जनता से अपील की कि वे अपने वोट का सही इस्तेमाल करें और झूठे वादों पर भरोसा न करें।

बीजेपी ने यमुना प्रदूषण को बड़ा चुनावी मुद्दा बनाकर आम आदमी पार्टी को घेरने की रणनीति बनाई है। प्रवेश वर्मा के इस प्रदर्शन से ये तो साफ हो गया कि ,यमुना की सफाई का मुद्दा आगामी चुनावों में अहम भूमिका निभाएगा। वर्मा ने कहा कि यमुना में बढ़ते प्रदूषण का सीधा असर दिल्ली की जनता की सेहत पर पड़ रहा है और इस समस्या को गंभीरता से हल करने की जरूरत है। उनके इस कदम से चुनावी माहौल और गरमा गया है।
यमुना प्रदूषण और ‘आप’ की असफलता
प्रवेश वर्मा ने मीडियाकर्मियों से बातचीत में आम आदमी पार्टी पर दिल्ली को प्रदूषित करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि यमुना नदी, जो 28 किलोमीटर तक दिल्ली में बहती है, को साफ करके पूरे एनसीआर को पानी की आपूर्ति की जा सकती है। उन्होंने दावा किया कि यमुना की सफाई कोई असंभव कार्य नहीं है, लेकिन अरविंद केजरीवाल ने इस दिशा में न तो कोई ठोस कदम उठाया और न ही जनता को कोई ठोस जवाब दिया।
साबरमती रिवर फ्रंट जैसा यमुना का सपना
वर्मा ने यमुना के लिए अपनी योजना साझा करते हुए कहा कि जिस तरह प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अहमदाबाद में साबरमती रिवर फ्रंट विकसित किया, उसी तर्ज पर यमुना को भी बदल सकते हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि यमुना की सफाई के नाम पर खर्च किए गए 8,000 करोड़ रुपए का कोई हिसाब नहीं है और इसकी जांच होनी चाहिए। वर्मा ने दिल्ली की जनता से अपील की कि वे पांच फरवरी को भाजपा को मौका दें ताकि यमुना को साफ और दिल्ली को बेहतर बनाया जा सके।



