दिल्ली चुनाव परिणाम 2025 के बाद आम आदमी पार्टी (AAP) के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल और अन्य बड़े नेताओं पर कानूनी कार्रवाई की तलवार लटक रही है। भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (ACB) ने पार्टी को नोटिस भेजकर भाजपा पर विधायकों को तोड़ने के आरोपों को लेकर जवाब मांगा था, लेकिन अब तक कोई जवाब नहीं दिया गया है। एसीबी के सूत्रों का कहना है कि अगर जल्द ही प्रतिक्रिया नहीं मिली, तो सख्त कदम उठाए जा सकते हैं।
एसीबी की जांच तेज, जल्द हो सकती है कानूनी कार्रवाई
भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (ACB) इस मामले में गंभीरता से जांच कर रहा है और आप नेताओं पर कार्रवाई की तैयारी कर रहा है। सूत्रों के मुताबिक, अरविंद केजरीवाल, संजय सिंह और मुकेश अहलावत सहित अन्य नेताओं पर कानूनी शिकंजा कस सकता है। भाजपा की शिकायत पर जांच कर रही एसीबी ने अब तक आप पार्टी से जवाब नहीं मिलने के कारण दिल्ली पुलिस को पत्र लिखने की योजना बनाई है, जिससे इस मामले में कानूनी कार्रवाई और तेज हो सकती है।
भाजपा बनाम आप: बढ़ती सियासी टकराहट
दिल्ली में राजनीतिक माहौल फिर से गरमा गया है, क्योंकि भाजपा और आप के बीच आरोप-प्रत्यारोप का दौर तेज हो गया है। अरविंद केजरीवाल ने भाजपा पर उनके विधायकों को तोड़ने की कोशिश का आरोप लगाया था, जबकि भाजपा ने इसे बेबुनियाद बताया और उलटा आम आदमी पार्टी पर ही गंभीर आरोप लगाए। इस राजनीतिक खींचतान के बीच, अगर ACB आप नेताओं के खिलाफ कानूनी कार्रवाई करती है, तो दिल्ली की राजनीति में बड़ा उथल-पुथल देखने को मिल सकता है।

भ्रष्टाचार के आरोपों में घिरते आप नेता
दिल्ली के भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (ACB) द्वारा आम आदमी पार्टी (AAP) के नेता मुकेश अहलावत और पार्टी संयोजक अरविंद केजरीवाल को नोटिस जारी करने के बाद राजनीतिक माहौल गरमा गया है। एसीबी ने केजरीवाल से उन 16 विधायकों की सूची मांगी है, जिन्हें कथित रूप से भाजपा द्वारा 15-15 करोड़ रुपये की पेशकश की गई थी। इसके अलावा, उन व्यक्तियों की पहचान भी मांगी गई है, जिन पर रिश्वत देने का आरोप लगाया गया है। इस मामले की गंभीरता को देखते हुए एसीबी ने तत्काल हस्तक्षेप किया और पार्टी नेताओं से स्पष्ट जानकारी देने को कहा।
भाजपा और आप के बीच बढ़ती तनातनी
केजरीवाल ने सार्वजनिक रूप से भाजपा पर आरोप लगाए थे कि उनकी पार्टी के विधायकों को तोड़ने की कोशिश की जा रही है। वहीं, भाजपा ने इन आरोपों को पूरी तरह से खारिज कर दिया है। यह मामला अब कानूनी रूप लेता जा रहा है, क्योंकि एसीबी ने आप नेताओं से पुख्ता सबूत पेश करने को कहा है। अगर आप पार्टी अपने दावों को साबित नहीं कर पाती है, तो उसके नेताओं के खिलाफ कानूनी कार्रवाई संभव है। इससे दिल्ली की राजनीति में नया मोड़ आ सकता है और दोनों दलों के बीच सियासी टकराव और बढ़ सकता है।
AAP नेताओं से ACB के तीखे सवाल, जांच तेज
दिल्ली के भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (ACB) ने आम आदमी पार्टी (AAP) के नेताओं को घेरते हुए पांच अहम सवाल पूछे हैं, जिनका जवाब अब तक नहीं मिला है। एसीबी ने जानना चाहा है कि भाजपा पर लगाए गए हॉर्स ट्रेडिंग के आरोपों से जुड़ी पोस्ट खुद आप नेताओं ने लिखी या किसी और ने। इसके अलावा, उन 16 विधायकों की पूरी जानकारी मांगी गई है, जिन्हें कथित रूप से 15-15 करोड़ रुपये की पेशकश की गई थी।



