दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने खुलासा किया कि ‘विकसित दिल्ली बजट 2025′ को तैयार करने के लिए दिल्लीवासियों से 10 हजार से अधिक सुझाव और अपेक्षाएं प्राप्त हुई हैं। उन्होंने बताया कि ये सुझाव व्हाट्सएप और ईमेल के माध्यम से प्राप्त हुए हैं। मुख्यमंत्री ने इस पहल को जनता की भागीदारी का बेहतरीन उदाहरण बताया और कहा कि बजट पूरी तरह से दिल्लीवालों की आकांक्षाओं को ध्यान में रखते हुए तैयार किया जाएगा।
सभी वर्गों की राय से बनेगा समावेशी बजट
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने बताया कि बजट तैयार करने के लिए समाज के विभिन्न वर्गों जैसे महिलाएं, शिक्षाविद, व्यापारी, किसान, डॉक्टर, युवा, झुग्गीवासियों और सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर्स के साथ संवाद किया गया। इस पहल का उद्देश्य है कि हर व्यक्ति की आवाज बजट में शामिल हो, ताकि दिल्ली को एक विकसित और आधुनिक राजधानी में तब्दील किया जा सके। मुख्यमंत्री ने दिल्लीवासियों की सक्रिय भागीदारी के लिए आभार भी जताया।

विकसित दिल्ली का संकल्प और बजट सत्र की तैयारियां
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने बताया कि बीजेपी सरकार बनने के बाद से ही उनका लक्ष्य दिल्ली को विश्वस्तरीय राजधानी के रूप में विकसित करना है। उन्होंने कहा कि इस बजट में महिलाओं, गरीबों, छात्रों, युवाओं और श्रमिकों के जीवन स्तर को सुधारने पर विशेष ध्यान दिया जाएगा। उन्होंने यह भी जानकारी दी कि दिल्ली विधानसभा का बजट सत्र 24 मार्च से 28 मार्च तक आयोजित किया जाएगा, जिसमें ‘विकसित दिल्ली बजट 2025’ को प्रस्तुत किया जाएगा।
जनता के सुझावों से बनेगा समावेशी बजट
दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने बताया कि ‘विकसित दिल्ली बजट 2025′ को तैयार करने में जनता की अहम भूमिका रही है। दिल्लीवासियों से 3303 ईमेल और 6982 व्हाट्सएप संदेशों के माध्यम से कुल 10,000 से अधिक सुझाव प्राप्त हुए। इन सुझावों में प्रमुख रूप से महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण, यमुना सफाई, शिक्षा, स्वास्थ्य, पर्यावरण संरक्षण, प्रदूषण नियंत्रण और रोजगार जैसे विषय शामिल रहे। मुख्यमंत्री ने कहा कि इस बजट का उद्देश्य हर वर्ग की भागीदारी सुनिश्चित करना है, ताकि विकास की योजनाओं का लाभ सभी को मिल सके।
दिल्ली को विश्वस्तरीय राजधानी बनाने का संकल्प
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ‘विकसित दिल्ली’ के सपने को साकार करने के लिए सरकार प्रतिबद्ध है। बजट सत्र की शुरुआत पारंपरिक रूप से ‘खीर सेरेमनी’ के साथ होगी, जिससे विकास और समृद्धि का संदेश दिया जाएगा। मुख्यमंत्री ने भरोसा दिलाया कि जनता के दिए गए हर सुझाव पर गंभीरता से विचार किया गया है और बजट का हर पहलू दिल्लीवासियों की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए तैयार किया जाएगा। उनका लक्ष्य है कि दिल्ली को स्वच्छ, समृद्ध और विश्वस्तरीय राजधानी के रूप में विकसित किया जाए।



