माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय, भोपाल (एमसीयू) को नया कुलगुरु मिल गया है। वरिष्ठ पत्रकार, लेखक और पूर्व राज्य सूचना आयुक्त विजय मनोहर तिवारी को मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव द्वारा विश्वविद्यालय का कुलगुरु नियुक्त किया गया है। उनकी नियुक्ति का आदेश जनसंपर्क विभाग द्वारा जारी किया गया। इस पद पर उनका कार्यकाल चार वर्षों तक रहेगा।
पत्रकारिता और लेखन में लंबा अनुभव
विजय मनोहर तिवारी को पत्रकारिता और लेखन का 25 वर्षों से अधिक अनुभव है। उन्होंने प्रिंट और इलेक्ट्रॉनिक मीडिया दोनों में सक्रिय भूमिका निभाई है। उनके द्वारा लिखी गई पुस्तकें जैसे हरसूद 30 जून ,आधी रात का सच , प्रिय पाकिस्तान , एक साध्वी की सत्ता कथा और भारत में इस्लाम भाग 1 और 2 विशेष रूप से चर्चित रही हैं। उनकी पुस्तक *भारत की खोज में मेरे पाँच साल* उनके भारत भ्रमण के अनुभवों पर आधारित है और पाठकों के बीच काफी लोकप्रिय रही है।

कई महत्वपूर्ण पदों पर निभाई जिम्मेदारी
श्री तिवारी राज्य सूचना आयुक्त के रूप में अपनी सेवाएँ दे चुके हैं। इसके अलावा, वे मध्य प्रदेश वाइल्ड लाइफ बोर्ड के सदस्य भी हैं। उनकी गहरी सोच, विश्लेषणात्मक दृष्टिकोण और पत्रकारिता में उनकी दक्षता को देखते हुए उन्हें माखनलाल चतुर्वेदी विश्वविद्यालय की जिम्मेदारी सौंपी गई है। उनकी नियुक्ति से विश्वविद्यालय में नए विचारों और सकारात्मक बदलाव की उम्मीद की जा रही है।

भविष्य की दिशा और संभावनाएँ
माखनलाल चतुर्वेदी विश्वविद्यालय पत्रकारिता और संचार शिक्षा के क्षेत्र में देश का प्रमुख संस्थान है। विजय मनोहर तिवारी के नेतृत्व में विश्वविद्यालय को नए आयाम मिलने की संभावना है। उनके अनुभव और दूरदृष्टि से विद्यार्थियों को लाभ मिलेगा, और पत्रकारिता के क्षेत्र में शोध और नवाचार को बढ़ावा मिलेगा। उनके कार्यकाल में विश्वविद्यालय की शिक्षा प्रणाली में महत्वपूर्ण बदलाव देखने को मिल सकते हैं।



